गोपी : “ये कुछ नहीं कर पाएगी, पढ़ा-लिखाकर कोई फायदा नहीं…” ऐसे ताने नूर को बचपन से सुनने पड़े। Locomotor Disability से जूझते हुए, उनका शारीरिक रूप बाकी बच्चों से अलग था, लेकिन उनका हौसला और सोच हमेशा सबसे खास रही। नूर ने उन तानों को अपनी कमजोरी नहीं बल्कि प्रेरणा बनाया।

स्कूल और कॉलेज के दिनों से लेकर पब्लिक प्लेसेज़ तक, नूर को अक्सर लोगों की अजीब निगाहों और सवालों का सामना करना पड़ा। लेकिन परिवार का सपोर्ट और खुद की मेहनत ने उन्हें कभी हारने नहीं दिया। उन्होंने B.Com की पढ़ाई पूरी की और अपने सपनों की उड़ान भरने का साहस दिखाया।

साल 2021 में नूर ने सिर्फ इंटर्नशिप से मिले छोटे से Stipend से अपना Online Clothing Business “Comfo By Noor” शुरू किया। आर्थिक चुनौतियों और संसाधनों की कमी के बावजूद उन्होंने दिन-रात मेहनत की। धीरे-धीरे उनका बिजनेस लोगों के बीच पहचान बनाने लगा और आज नूर एक सफल बिज़नेस वुमन के साथ-साथ कॉर्पोरेट जॉब भी संभाल रही हैं।

नूर की कहानी हमें यह सिखाती है कि परिस्थितियाँ चाहे कितनी भी कठिन क्यों न हों, अगर हौसला मजबूत हो तो कोई भी मंज़िल पाना असंभव नहीं। Disability को लोग कमजोरी मानते हैं, लेकिन नूर ने साबित कर दिया कि यही कमजोरी आपकी सबसे बड़ी ताकत बन सकती है।

आज नूर न सिर्फ़ अपनी मेहनत और आत्मविश्वास से दूसरों के लिए प्रेरणा बनी हैं, बल्कि उन्होंने समाज को यह संदेश दिया है कि असली सुंदरता इंसान की सोच और जज्बे में होती है, न कि शारीरिक बनावट में। सचमुच, नूर उन लाखों युवाओं के लिए उम्मीद की किरण हैं जो अपनी कठिनाइयों से जूझ रहे हैं।

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